
◆ संभल रनर्स (संभल स्टीलर्स) ने दिया सेहत, समर्पण और साहस का पैगाम।
◆ परम वीर चक्र विजेता फ्लाइंग ऑफिसर निर्मल जीत सिंह सेखों की श्रद्धांजलि में आयोजित हुई मैराथन।
प्रवाह ब्यूरो
संभल। कहा जाता है कि दौड़ना न केवल स्वास्थ्य के लिए लाभकारी होता है, बल्कि यह मनुष्य में अनुशासन, ऊर्जा और आत्मविश्वास का संचार भी करता है। इसी भावना को साकार करते हुए ‘संभल स्टीलर्स’ टीम ने रविवार को आयोजित ‘सेखों मैराथन’ में भाग लेकर सेहत, समर्पण और साहस का प्रेरणादायक पैगाम दिया।
यह मैराथन भारतीय वायु सेना के परमवीर चक्र विजेता फ्लाइंग ऑफिसर निर्मल जीत सिंह सेखों की स्मृति में आयोजित की गई थी।
कार्यक्रम का उद्देश्य फ्लाइंग ऑफिसर निर्मल जीत सिंह सेखों को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए युवाओं में फिटनेस के प्रति जागरूकता और देशभक्ति की भावना को प्रोत्साहित करना था।
जिसमें भाग लेकर संभल रनर्स (संभल स्टीलर्स) की इस पहल ने यह संदेश दिया कि जब इरादे मजबूत हों तो हर मंज़िल आसान होती है। जहां धावकों ने खेल भावना और समाज सेवा का जो संगम प्रस्तुत किया, वह न केवल प्रेरणादायक है बल्कि संभल जनपद के लिए एक गौरव की बात भी है। क्योंकि घनी धुंध और ठंड को मात देते हुए संभल के जांबाज़ युवाओं ने ‘सेखों मैराथन’ में जोश और जुनून के साथ भाग लिया।
दिल्ली के बेहद गंभीर 400 एक्यूआई के ज़हरीले धुंध के बीच संभल के जांबाज़ धावकों ने भारतीय वायु सेना की ‘सेखों मैराथन’ में न सिर्फ भाग लिया बल्कि असाधारण हौसले का प्रदर्शन किया। यह ‘संभल रनर्स’ का दल था, जो अपने शहर का मान बढ़ाने व सेहत का पैगाम देने के लिए अत्यंत उत्साह के साथ दौड़ा।
यह मैराथन भारतीय वायु सेना (आईएएफ) द्वारा अपने एकमात्र परम वीर चक्र विजेता, फ्लाइंग ऑफिसर निर्मल जीत सिंह सेखों को श्रद्धांजलि देने के लिए आयोजित की गई थी। दिल्ली में आयोजित इस राष्ट्रीय आयोजन में 12,000 से अधिक धावकों ने हिस्सा लिया।
जहां 21 किमी. की हाफ-मैराथन को संभल धावक शाहरुख ने 122 मिनट के समय में पूरा किया तो वहीं उनके साथी शजर साजी ने भी 2 घंटे 4 मिनट के समय में रेस पूरी कर शहर का नाम रोशन किया।
इतना ही नहीं 21 किमीं की चुनौती को पूरा करने वालों में हकीम अख्तरुल इमान और गयास खान भी शामिल रहे, जिन्होंने भी अपने जज़्बे का लोहा मनवाया। इसके अलावा 10 किमी. की दौड़ में एम.जी.एम. कॉलेज के प्रोफेसर डॉ. नवीद अहमद ने मात्र 50 मिनट में दौड़ पूरी की। ढेर सारी मुश्किल परिस्थितियों के बावजूद भी इन रनर्स जांबाज़ों ने अपनी दौड़ को सफलतापूर्वक पूरा कर शहर का मान बढ़ाया। साथ ही आयोजित प्रतियोगिता में प्रत्येक प्रतिभागी ने उत्साह और जोश के साथ हिस्सा लेकर हर कदम पर फिटनेस के महत्व और सामूहिक भावना का परिचय कराया। आयोजन का उद्देश्य समाज में स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता बढ़ाना और युवाओं को सक्रिय जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित करना रहा।
इस अवसर पर प्रतिभागियों ने कहा कि सेखों जैसे वीरों की प्रेरणा से वे राष्ट्रसेवा के लिए सदैव तत्पर रहेंगे।
मैराथन के अंत में सभी विजेताओं को सम्मानित कर धावकों को प्रमाणपत्र आदि प्रदान किए गए।
