क्रिकेटर रिंकू सिंह के साथ 6 अन्य भी बने राजपत्रित अधिकारी।

● स्पोर्ट्स कोटा के तहत सभी खिलाड़ियों को अलग-अलग विभागों में किया गया चयन।

लखनऊ। अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेटर रिंकू सिंह की सपा सांसद प्रिया सरोज से शादी हो रही है लेकिन उससे पूर्व ही योगी सरकार ने उन्हें एक बडा तोहफा दे दिया है। क्रिकेटर रिंकू सिंह अब यूपी सरकार में अफसर बनकर अपनी नई पारी की शुरूआत करेंगे। रिंकू सिंह को स्पोर्ट्स कोटे से डायरेक्ट सरकारी अधिकारी बनाया जा रहा है।
अब खेल विभाग ने रिंकू सिंह को बेसिक शिक्षा अधिकारी बनाने का प्रस्ताव शासन को भेजा है। इसके अलावा प्रदेश सरकार ने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेटर रिंकू सिंह समेत सात खिलाड़ियों को राजपत्रित अधिकारी के पद पर बुधवार को नियुक्ति के लिए चुन लिया है। क्रिकेटर रिंकू सिंह को बेसिक शिक्षा विभाग में बीएसए बनाया गया है, जबकि छह अन्य खिलाड़ियों को भी राजपत्रित अधिकारी के पद पर नियुक्ति के लिए चुना गया है। नियुक्ति पाने वाले खिलाड़ियों में प्रवीण कुमार, राजकुमार पाल, अजीत सिंह, सुश्री सिमरन, सुश्री प्रीति पाल और किरन बालियान प्रमुख हैं। बेसिक शिक्षा निदेशक प्रताप सिंह बघेल ने बुधवार को रिंकू सिंह को नियुक्ति के संबंध में पत्र जारी करते हुए सभी दस्तावेज शासन को उपलब्ध करने को कहा है।
इसके अलावा खिलाड़ी कोटे में नियुक्ति पाने वालों में नोएडा गोविंदनगर के पैरालंपियन प्रवीण कुमार और गाजीपुर के हाकी खिलाड़ी राज कुमार पाल को पुलिस उपाधीक्षक के पद के लिए चुना गया है तो वहीं इटावा के जैवलिन थ्रोअर अजीत सिंह यादव को जिला पंचायतीराज अधिकारी के पद पर नियुक्ति के लिए चयन किया गया है। मेरठ की पैरा एथलीट प्रीति पाल को ग्रामीण विकास विभाग में खंड विकास अधिकारी के पद के लिए चुना गया है। मेरठ की शार्टपुट थ्रोअर किरन बालियान को क्षेत्रीय वन अधिकारी के पद के लिए चुना गया है। वहीं मोदीनगर गाजियाबाद की पैरा-एथलीट सिमरन को जिला पंचायतीराज अधिकारी बनाया गया है। इन सभी खिलाड़ियों को उत्तर प्रदेश अंतरराष्ट्रीय पदक विजेता सीधी भर्ती नियमावली-2022 के नियम-7 के तहत पदस्थ जाएगा। अब इन खिलाड़ियों को इनका नियुक्ति पत्र संबंधित विभागों द्वारा जारी किया जाएगा। जिसके इन सभी खिलाड़ियों को जल्द अपने जरूरी शैक्षिक व अन्य प्रमाणपत्र शासन को उपलब्ध कराने होंगे।

प्रभारी मंत्री बोले-  इंदिरा गांधी के आपातकाल को याद करें, दुनिया में ये सबसे बडा आपातकाल।

● कांग्रेस ने काले कानून के जरिए लाखों लोगों को बिना मुकदमे के डाला था जेल में – भाजपा जिलाध्यक्ष।

● भाजपाइयों ने आपातकाल के 50 वर्ष होने पर संभल में मनाया काला दिवस।

प्रवाह ब्यूरो
संभल। संभल जनपद में भारतीय जनता पार्टी द्वारा आपातकाल के 50 वर्ष पूर्ण होने पर काला दिवस मनाया गया। जिसमें कांग्रेस द्वारा काला कानून के जरिए बिना मुकदमे के लाखों नागरिकों को जेल में ठूंसने की बात कहते हुए चर्चा की गई।
जनपद के चंदौसी आजाद रोड स्थित संजीवनी पैलेस में आयोजित सेमिनार की प्रस्तावना रखते हुए जिलाध्यक्ष चौधरी हरेंद्र सिंह रिंकू ने कहा कि इंदिरा गांधी ने मीशा जैसे काले कानून के जरिए लाखों नागरिकों को बिना किसी मुकदमे के जेलों में डाल दिया था।

उन्होंने कहा कि तत्कालीन वरिष्ठ विपक्षी नेता जयप्रकाश नारायण, मुरली मनोहर जोशी, अटल बिहारी वाजपेई, लालकृष्ण आडवाणी तथा राजनाथ सिंह जैसों को भी नहीं छोड़ा। संभल के प्रभारी मंत्री धर्मवीर प्रजापति ने कहा कि कांग्रेस द्वारा 1975 से 77 तक काला कानून लगाया गया था। आपातकाल भारत के लोकतांत्रिक इतिहास का सबसे बड़ा काला अध्याय है। इस दौर में इंदिरा गांधी सरकार ने संविधान की मूल भावनाओं को दरकिनार कर लोकतंत्र की आत्मा, संवैधानिक संस्थाओं और प्रेस की स्वतंत्रता तथा न्यायपालिका के निष्पक्षता और नागरिक अधिकारों पर आघात किया था। 42वें संविधान संशोधन संविधान की मूल आत्मा को बदलने का एक प्रयास था। इसके मूल में एक दलीय प्रणाली स्थापित करने की मंसा थी। उन्होंने कहा कि इंदिरा गांधी ने अपनी सरकार को आसाधारण शक्तियां दे दी थीं। मुख्य वक्ता भाजपा के प्रदेश उपाध्यक्ष एमएलसी सत्यपाल सैनी ने कहा कि आपातकाल के समय इंदिरा गांधी ने अस्मत विरोधी दलों पर खड़े प्रतिबंध लगाए और सफल नेताओं को जेल में डाला था। इंदिरा गांधी कांग्रेस को एकमात्र राजनीतिक शक्ति बनाना चाहती थीं।

क्षेत्रीय उपाध्यक्ष राजेश सिंघल ने कहा कि आपातकाल के दौरान प्रेस की स्वतंत्रता पर अभूतपूर्व हमला हुआ। कई समाचार पत्रों के मालिकों, संपादकों को दंडित किया गया। क्योंकि उन्होंने आपातकाल की आलोचना की थी।
आयोजित सेमिनार में 5 स्वतंत्रता सेनानियों व उनके परिवारजनों को सम्मानित किया गया। साथ ही प्रेस वार्ता की गई तथा पौधारोपण भी किया गया।
कार्यक्रम में माध्यमिक शिक्षा राज्य मंत्री गुलाब देवी, जिला पंचायत अध्यक्ष डॉ. अनामिका यादव, जिला महामंत्री कमल कुमार कमल, पूर्व लोकसभा प्रत्याशी परमेश्वर लाल सैनी, गुन्नौर पूर्व मंत्री अजीत कुमार राजू, पूर्व जिलाध्यक्ष ओमवीर सिंह खड़गवंशी, बहजोई चेयरमैन राजेश शंकर राजू, चंदौसी चेयरमैन लता वार्ष्णेय, जयप्रकाश गुप्ता, मुकुल रस्तोगी, ललित मोहन शर्मा, आदि उपस्थित रहे तथा संचालन सहसंयोजक जिला उपाध्यक्ष मनोज कठेरिया ने किया।

संभल के 181 परिषदीय विद्यालयों को मर्ज करने के आदेश।

● बीएसए ने बीते वर्ष 50 से कम छात्र नामांकन संख्या वाले 165 विद्यालयों की भेजी थी सूचना।

प्रवाह ब्यूरो
संभल। संभल जनपद में भी बेसिक शिक्षा विभाग के अपर मुख्य सचिव के निर्देश पर 181 विद्यालयों को मर्ज करने के निर्देश जारी किए गए हैं।
ऐसे विद्यालय जिनमें नामांकन संख्या 50 से कम है, 165 विद्यालय की संख्या बीएसए द्वारा पिछली वर्ष भेजी गई थी। किन्तु जनपद के 181 परिषदीय विद्यालयों को मर्ज करने के आदेश दिए गए हैं।
विद्यालयों के बीच सहयोग, समन्वय और संसाधनों के उपयोग को बढ़ावा देने जिससे कि प्रत्येक विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण और आनंददायक अधिगम का अनुभव प्राप्त हो सके। उत्तर प्रदेश जैसे बड़े राज्य में विद्यालयी राज्य विद्यालयी शिक्षा व्यवस्था में नवाचार और सुधार की संभावनाओं को देखा गया है। राज्य के अनेक परिषदीय विद्यालयों में जहां छात्र-छात्राओं का नामांकन अपेक्षाकृत कम है, वहां उपलब्ध भौतिक और शैक्षणिक संसाधनों जैसे विद्यालय भवन, कक्षा कक्ष, आईसीटी लैब, उपकरण विभिन्न शैक्षणिक सामग्री आदि का समुचित उपयोग कर शिक्षा व्यवस्था को अधिक प्रभावशाली और विद्यार्थी केंद्रित बनाया जा सके।
अपर मुख्य सचिव बेसिक शिक्षा उत्तर प्रदेश को 181 परिषदीय विद्यालयों की सूची मर्ज करने हेतु उपलब्ध कराई गई थी। जहां निर्देशित करते हुए सभी विद्यालयों का स्थलीय निरीक्षण करते हुए हस्ताक्षर कर कार्यालय को उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए हैं।

सपा विधायक बोलीं- परिषदीय विद्यालयों को बंद कर, कहां पढ़ने जाएंगे नौनिहाल बच्चे।

● संभल जनपद में 181 परिषदीय विद्यालयों को बंद करने के आदेश।

● पिंकी यादव ने कहा- परिषदीय विद्यालयों को बंद कर रही सरकार, प्राइवेट विद्यालयों में महंगी फीस।

● विद्यालयों की संख्या घटेगी तो डीएलएड, बीएड कोर्स किए युवा क्या करेंगे।

प्रवाह ब्यूरो
संभल। उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा परिषदीय विद्यालयों को बंद करने पर विलय करने पर संभल जनपद के 181 विद्यालयों को पेयरिंग में सम्मिलित करने पर संभल के असमोली विधायक पिंकी यादव ने जनपद के नौनिहालों के भविष्य को लेकर अपनी प्रतिक्रिया दी है।
असमोली सपा विधायक पिंकी यादव ने कहा है कि संभल जनपद में 181 परिषदीय विद्यालयों को बंद करने के आदेश जारी किए गए हैं। पूरे प्रदेश में लगभग 27000 विद्यालय बंद होने जा रहे हैं। उन्होंने कहा है कि सरकार द्वारा किए दिए विद्यालय बंद किए जा रहे हैं तो किसान, मजदूर और गरीब परिवारों के नौनिहाल बच्चे कहां पड़ेंगे।
उन्होंने कहा है कि क्या प्राइवेट विद्यालयों की महंगी फीस दे पाएंगे, या आर्थिक रूप से कमजोर व्यक्ति अपने बच्चों को प्राइवेट स्कूल में पढ़ पाएगा।
उन्होंने उत्तर प्रदेश सरकार घेरते हुए कहा है कि समाजवादी पार्टी इसका विरोध करती है। पिंकी यादव ने कहा कि एक-एक प्राइमरी स्कूल के बीच की दूरी 3 से 5 किलोमीटर से अधिक है। ऐसे में छोटे-छोटे बच्चे वहां कैसे जा पाएंगे और उनकी सुरक्षा का क्या होगा।
इसके साथ ही विधायक पिंकी यादव ने कहा है कि यदि विद्यालयों की संख्या घटेगी तो डीएलएड और बीएड कोर्स करने वाले युवा क्या करेंगे। उन्हें कैसे नौकरी मिल पाएगी।
पिंकी यादव ने कहा है कि ऐसा प्रतीत होता है कि सरकार उत्तर प्रदेश के नागरिकों को शिक्षा से वंचित रखकर विश्व गुरु बनाने की ओर अग्रसरित हो रही है।
विधायक पिंकी यादव ने कहा है कि भारतीय जनता पार्टी आज के नौनिहालों, युवाओं को शिक्षा से वंचित करना चाहती है। क्यों कि यदि वह शिक्षा से वंचित रहेंगे तो कल को वे सरकार से जवाब नहीं कर पाएंगे।

चंदौसी एसडीएम का ट्रांसफर रुकवाने की मांग तेज, सीएम को भेजे ज्ञापन।

● अखिल भारतीय युवा उद्योग व्यापार मंडल सहित अन्य संगठन भी आए आगे।

● चंदौसी को अतिक्रमण मुक्त करने में एसडीम विनय कुमार मिश्रा ने ही चलाया है अभियान।

● नगर वासी बोले- एसडीएम एक अधिकारी ही नहीं, बल्कि एक आंदोलन हैं, चंदौसी को बना रहे चांद सी नगरी।

प्रवाह ब्यूरो
संभल। संभल जनपद के चंदौसी एसडीम विनय कुमार मिश्रा के तबादला होने की जानकारी पर नगर वासियों के अलावा कई संगठन उनका ट्रांसफर रुकवाने को आगे आ गए हैं।
एसडीम विनय कुमार मिश्रा चंदौसी को अतिक्रमण मुक्त करने के लिए अभियान चलाकर कार्यवाही कर रहे हैं और वह लगातार चंदौसी की सड़कों को अतिक्रमण मुक्त करने में लगे हुए हैं। जिससे लोगों को और राहगीरों को सहूलियत मिल रही है।
उनके स्थानांतरण की सूचना पर नगरवासी आगे आ गए हैं और लगातार जिलाधिकारी के अलावा मुख्यमंत्री को भी ज्ञापन भेज कर उनका स्थानांतरण रुकवाने की मांग कर रहे हैं।

बता दें कि विनय कुमार मिश्रा संभल के एसडीएम भी रहे जहां उन्होंने संभल में अतिक्रमण मुक्त करने के लिए अभियान चलाया था। जिसके बाद उनका तबादला चंदौसी एसडीएम के पद पर हो गया था। चंदौसी जाने के बाद नगर वासियों में एक बार फिर चंदौसी नगरी को अतिक्रमण मुक्त करने की आस जगी।
विनय कुमार मिश्रा ने चंदौसी में राजस्व विभाग की टीम के साथ अतिक्रमण मुक्त अभियान चलाया। नगर की गलियों को अतिक्रमण मुक्त करना शुरू कर दिया।
वह चंदौसी में लगातार अतिक्रमण के खिलाफ अभियान चला रहे हैं। जिससे आमजन के साथ-साथ नगर वासी और राहगीरों को काफी सहूलियत मिल रही है।
अचानक उनका ट्रांसफर चंदौसी से चंदौली हो गया है। स्थानांतरण की सूचना पर नगर वासी उनका ट्रांसफर रुकवाने की मांग कर रहे हैं।जिसमें राष्ट्रीय सनातन महासंघ के अध्यक्ष कौशल किशोर वंदे मातरम के नेतृत्व में दर्जनों पदाधिकारी और कार्यकर्ताओं ने चंदौसी के उप जिलाधिकारी विनय कुमार मिश्रा का स्थानांतरण रुकवाने के संबंध में मुख्यमंत्री को ज्ञापन भेजा है।
जहां उन्होंने कहा है कि चंदौसी नगर को चांद सी बनाने के प्रयास में रात दिन एक करने वाले उप जिला अधिकारी विनय कुमार मिश्रा का स्थानांतरण नहीं होना चाहिए।

वहीं इसके साथ ही अखिल भारतीय युवा उद्योग व्यापार मंडल के नगर अध्यक्ष अनुज वार्ष्णेय अन्नू के नेतृत्व में संगठन ने मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन भेजा है। जिसमें चंदौसी एसडीएम विनय कुमार मिश्रा का ट्रांसफर रुकवाने की मांग की है।
उन्होंने कहा है कि हमारे क्षेत्र के विकास का सौंदर्य करण और विकास के लिए आगे बढ़ाने में एसडीएम विनय कुमार मिश्रा का महत्वपूर्ण योगदान है, इसलिए उनका ट्रांसफर रोका जाए।
नगर पालिका परिषद के सभासद अमन कुमार कोरी के नेतृत्व में भी मुख्यमंत्री को ज्ञापन भेज कर एसडीएम स्थानांतरण रुकवाने की मांग की गई है।
इसके अलावा सभासद शिवकुमार सैनी ने भी मुख्यमंत्री को एक ज्ञापन भेजा है। जिसमें विनय कुमार मिश्रा का स्थानांतरण रुकवाने की मांग की गई है।
एसडीम विनय कुमार मिश्रा का स्थानांतरण रुकवाने की मांग तेज हो गई है। नगर वासियों का कहना है कि विनय कुमार मिश्रा का स्थानांतरण जनहित में रोका जाना अति आवश्यक है, क्योंकि वह चंदौसी और नगर पालिका क्षेत्र के सर्वांगीण विकास के लिए तथा सरकारी योजनाओं के लिए निरंतर कार्य कर रहे हैं।

सीएम से मिली बच्ची का उसकी मनपसंद स्कूल में हुआ एडमिशन।

● मुख्यमंत्री से कहा था- मेरा एडमिशन करा दो, मुख्यमंत्री के निर्देश पर मुरादाबाद के सबसे महंगे स्कूल में हुआ एडमिशन।

● जनता दरबार में सीएम से मिलने का बच्ची का वीडियो हुआ वायरल।

प्रवाह ब्यूरो
मुरादाबाद। मुरादाबाद जनपद निवासी एक बच्ची अपने पिता के साथ मुख्यमंत्री के जनता दरबार में मिली और मुख्यमंत्री से मिलकर अपना एडमिशन कराने की बात कही तो मुख्यमंत्री ने बच्ची के एडमिशन के लिए निर्देश दे दिया और कुछ ही घंटों में बच्ची का एडमिशन मुरादाबाद के सबसे महंगे स्कूल में हो गया।
मुरादाबाद निवासी एक छोटी बच्ची मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के जनता दरबार में अपने पिता के साथ शिकायत लेकर पहुंची थी। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ बच्ची से मिले, जिसे अपना नाम वाची बताया। बाद वाची से स्कूल का नाम पूछा गया। स्कूल का नाम आधा अधूरा बता पाई, जिसमें वह अपना प्रवेश लेना चाहती थी। उसके पिता की शिकायत थी कि स्कूल आरटीई के तहत उनकी बेटी को फ्री में एडमिशन नहीं दे रहा। मुख्यमंत्री और छोटी बच्ची का वीडियो वायरल हो गया। इतना ही नहीं मुख्यमंत्री ने हंसते हुए यह भी पूछा था कि टेंथ में कारायें या इलेवंथ में। जहां बच्ची ने अपनी पढ़ाई की शुरुआती कक्षा का नाम बताया।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने फ्री में एडमिशन करने के निर्देश दिए तो मुरादाबाद जिलाधिकारी ने आरटीई के रिकॉर्ड के साथ शिक्षा विभाग के अधिकारियों से बात की।
जिलाधिकारी के आदेश पर वाची का एडमिशन मुरादाबाद के सबसे महंगे सी एल गुप्ता वर्ल्ड स्कूल में करा दिया गया।
मुख्यमंत्री से मिलने के बाद घंटे भर बाद बच्ची का एडमिशन हो गया।
स्कूल द्वारा भी बेसिक शिक्षा अधिकारी को एक पत्र भेजकर अवगत करा दिया गया की बच्ची का एडमिशन एलकेजी कक्षा में कर लिया गया है, शिकायत को खारिज कर दिया जाए।
बता दें कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जनता दरबार में लोगों की समस्याएं सुन रहे थे, सरकारी आवास पर समस्या सुनते हुए अपने पिता के साथ पहुंची छोटी बच्ची से भी उसी दौरान बातचीत हुई थी।

संभल में जलेश्वर मंदिर निर्माण के लिए संपन्न हुआ भूमि पूजन।

● पूर्व विधायक ने किया भूमि पूजन, बड़ी संख्या में पूजा-अर्चना करने पहुंच रहे ग्रामीण।।

● शिवलिंग प्रकट होने के दावे पर बीते दिनों एसडीएम ने भी किया था निरीक्षण।

प्रवाह ब्यूरो
संभल। संभल जनपद के रजपुरा क्षेत्र में विगत माह में शिवलिंग निकलने के दावे पर जहां भारी संख्या में ग्रामीणों ने मौके पर पहुंचकर भक्ति में लीन होते हुए भजन कीर्तन शुरू कर दिया था तो वहीं सूचना पर एसडीएम गुन्नौर भी मौके पर पहुंचे थे। वहीं जिसका जायजा गुन्नौर पूर्व मंत्री/विधायक अजीत कुमार उर्फ राजू यादव ने भी लिया था।
ग्रामीणों की भक्ति को देखते हुए हजारों की संख्या में अन्य श्रद्धालु भी पहुंचते रहे और अब गुन्नौर पूर्व विधायक राजू यादव द्वारा मंदिर के निर्माण के लिए भूमि पूजन का कार्य संपन्न किया गया है।
बीते कई महीने पहले रजपुरा थाना क्षेत्र के मकसूदनपुर गांव के निकट महावा नदी के स्थान पर शिवलिंग निकलने की चर्चा शुरू हो गई थी। आसपास क्षेत्र के ग्रामीणों में भक्ति जगी। जहां लोगों ने शिवलिंग होने के चलते उसकी पूजा अर्चना शुरू कर दी और भजन कीर्तन होने लगे। सैकड़ो की संख्या में महिलाओं ने भी भजन कीर्तन करना शुरू कर दिया था। मान्यता बढ़ती चली गई और अब सैकड़ों की संख्या में श्रद्धालू यहां पूजा अर्चना करने के लिए पहुंचते हैं।
जिसे जलेश्वर महादेव के नाम से जाना गया है। जलेश्वर महादेव के नाम से ही मंदिर निर्माण के लिए सोमवार को भूमि पूजन का कार्य किया गया। जिसका शुभारंभ गुन्नौर पूर्व मंत्री/विधायक अजीत कुमार उर्फ राजू यादव द्वारा किया गया।

भूमि पूजन के दौरान भारी संख्या में हजारों श्रद्धालु मौके पर पहुंचे और दुकानदारों ने भी अपनी दुकानें लगाईं।
हजारों की संख्या में श्रद्धालुओं के पहुंचने पर एक आस्था की उम्मीद लोगों के मन में बनी रही। विधि विधान के अनुसार यज्ञ करते हुए भूमि पूजन संपन्न किया गया जहां जल्द ही जलेश्वर महादेव का एक भव्य मंदिर निर्माण किया जाएगा।

भाकियू अराजनैतिक ने किसानों की समस्याओं को लेकर डीएम से की वार्ता।

● ज्ञापन सौंपकर, किसानों की समस्याओं के निस्तारण की मांग की।

● खाद व दवाइयों की ओवर रेटिंग, ग्रामीण क्षेत्र की टूटी सड़कों सहित कई मुद्दे उठाए।

प्रवाह ब्यूरो
संभल। जनपद में किसानों की समस्याओं को लेकर भारतीय किसान यूनियन अराजनैतिक ने जिलाधिकारी के समक्ष जनपद की मुख्य समस्याओं का मुद्दा उठाते हुए उनके निस्तारण की मांग की तो वहीं समस्याओं से संबंधित ज्ञापन सौंपा। साथ ही जिला गन्ना अधिकारी के नाम संबंधित ज्ञापन भी सौंपा गया।
भाकियू अराजनैतिक के जिला अध्यक्ष शंकर सिंह यादव के नेतृत्व में जिलाधिकारी से वार्ता करते हुए ज्ञापन के माध्यम से बताया गया कि जनपद में कृषि में इस्तेमाल होने वाली खाद और दवाइयां ओवरेटिंग तथा नकली पैमाने पर बेची जा रही हैं। निर्माणाधीन गंगा एक्सप्रेसवे पर ओवरलोड डंपर द्वारा लिंक मार्गों को पूरी तरह क्षतिग्रस्त कर दिया गया है। एक्सप्रेस वे पर बनाए गए अंडरपास के किनारे गहरे गड्ढे हो जाने के चलते राहगीरों को निकलना मुश्किल हो रहा है।
जनपद की कृषि उत्पादन मंडी समितियां में जल भराव होने व सफाई न होने की वजह से तथा किसानों को पेयजल और छाया की व्यवस्था नहीं होने के चलते परेशानी होती है। बहजोई मंडी समिति में पुलिस लाइन के लिए आवंटित किए गए जगह के चलते व्यापारियों और किसानों को अपना उत्पाद बरसात से बचाने की व्यवस्था नहीं है। आबकारी विभाग की शराब की दुकानों पर नकली शराब बड़े पैमाने पर बेची जा रही है।
खनन माफिया बड़े पैमाने पर खनन कर रहे हैं, जबकि घरेलू कार्य के लिए किसानों द्वारा मिट्टी उठाने पर पुलिस उनका उत्पीड़न कर रही है। जनपद की अनेकों गांवों की सड़कों के सामने अपशिष्ट पदार्थ होने के चलते गांव में बीमारियां फैल रही हैं।
गांवों की सड़कों के किनारे सफाई नहीं होने के चलते गंदगी पसरी हुई है। जनपद में मक्का का उत्पादन अधिक है। ऐसे में शासन द्वारा मक्का खरीद का लक्ष्य कम घोषित किया गया है। मक्के का एमएसपी 2400 प्रोफाइल मूल्य घोषित किया गया था, लेकिन खाद्य विभाग की विपणन शाला किसानों को 2245 प्रति कुंटल का मूल्य दे रही है।
इसके अलावा जनपद में हेपेटाइटिस सी की दवाई मात्र दो ही सीएचसी पर उपलब्ध है। जिसे जनपद के प्रत्येक प्राथमिक और सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों पर उपलब्ध कराया जाना चाहिए।
ऐसी तमाम समस्याओं का मुद्दा उठाते हुए उनके निस्तारण की मांग की गई।

आगामी त्यौहारों पर बनाएं रखें शांति व्यवस्था, समस्या पर तुरंत दें जानकारी।

● संभल के कैला देवी थाना प्रभारी ने आगामी त्यौहारों को लेकर की बैठक।

प्रवाह ब्यूरो
संभल। संभल के कैला देवी थाना प्रभारी ने आगामी त्यौहारों पर शांति व्यवस्था बनाए रखने के उद्देश्य से क्षेत्र के संभ्रांत लोगों के साथ बैठक आयोजित कर क्षेत्र में शांति व्यवस्था बनाए रखने की अपील की तथा किसी प्रकार की समस्या या विवाद होने पर इसकी जानकारी तुरंत थाना पुलिस को देने की अपील की।
बता दें कि आगामी 11 जुलाई से श्रावण मास लगते ही महाशिवरात्रि के उपलक्ष्य में कांवड़ यात्रा भी शुरू हो रही है। जहां प्रत्येक हाईवे पर, लिंक मार्गों पर तथा क्षेत्र के शिव मंदिरों पर कांवड़ियों कि भीड़ उमड़ती है। आगामी त्यौहारों पर किसी प्रकार की विवादित स्थिति पैदा ना हो और शांति स्थापित रहे इसी को लेकर थाना प्रभारी सत्य प्रकाश सिंह ने क्षेत्र के संभ्रांत लोगों के साथ बैठक आयोजित कर एकजुटता बनाए रखने की अपील की।
वहीं मोहर्रम पर जुलूस नियमित तरीके से निकलने की अपील की। थाना प्रभारी ने कहा कि जिस प्रकार आपके मोहर्रम के जुलूस निकलते आए हैं, उसी प्रकार निकलने चाहिए। कोई नई परंपरा नहीं होनी चाहिए।
नवरात्रि त्यौहार पर भी उन्होंने लोगों से अपील करते हुए मिलजुल कर त्यौहार मनाने की अपील की। साथ ही आगामी त्यौहारों पर किसी प्रकार का व्यवधान उत्पन्न नहीं करने के निर्देश दिए। थाना प्रभारी ने कहा कि किसी प्रकार की कोई समस्या होती है तो तुरंत थाना पुलिस को सूचित करें, हमें सूचित करें। यदि कोई व्यवधान डालने की कोशिश करता है, तो उसके खिलाफ सख्त कार्यवाही भी होगी। इसलिए सभी शांतिपूर्वक त्यौहार मनाएं।

कल्कि महोत्सव की तैयारियां शुरू, देशभर से गणमान्यों को किया जा रहा आमंत्रित।

● संभल में 29-30 जुलाई को होगा श्री कल्कि जयंती महोत्सव का आयोजन।

● मुख्यमंत्री को भी भेजा जाएगा निमंत्रण पत्र, मनाया जाएगा 65वां महोत्सव।

प्रवाह ब्यूरो
संभल। संभल जनपद में श्री कल्कि जयंती महोत्सव 29-30 जुलाई को भव्य तरीके से मनाया जाएगा। जिसकी तैयारियां शुरू कर दी गई हैं। इस बार 65 वां महोत्सव मनाया जा रहा है। महोत्सव में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के अलावा देशभर से गणमान्यों को आमंत्रित किया जाएगा।
संभल के मोहल्ला कोट पूर्वी स्थित प्राचीन श्री कल्कि विष्णु मंदिर में 65वें श्री कल्कि जयंती महोत्सव का विमोचन किया गया। जो आगामी 29-30 जुलाई को भव्य तरीके से मनाया जाएगा। जिसकी तैयारियां तेज कर दी गई हैं। भगवान श्री कल्कि विष्णु के समक्ष दीप प्रज्वलित कर 11 बार मंत्रों का जाप किया गया। जिसे श्री कल्कि सेना द्वारा कार्यक्रम आयोजित किया गया।
राष्ट्रीय अध्यक्ष कुलदीप कुमार गुप्ता के अनुसार इस बार महोत्सव 29 व 30 जुलाई को मनाया जाएगा। निमंत्रण के लिए भारत के विभिन्न राज्यों से गणमान्यों को आमंत्रित किया जाएगा। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को भी निमंत्रण पत्र भेजा जाएगा। जहां सोशल मीडिया के अलावा डाक द्वारा भी निमंत्रण पत्र प्रेषित किए जाएंगे। इस अवसर पर राष्ट्रीय महामंत्री गगन वार्ष्णेय, आचार्य पंडित शोभित शास्त्री, पंडित महेंद्र प्रसाद शर्मा, अक्षय शर्मा मोंटी, विकास शर्मा, संजू गुप्ता पोली, राजवीर सिंह, रानू गुप्ता, सुभाष आदि की उपस्थिति में कार्यक्रम का विमोचन किया गया।