यूपी में होमगार्ड की भर्ती शुरू, 10वीं पास के लिए मौका।

जानें अभ्यर्थी की योग्यता से लेकर आवेदन तक की सभी डिटेल्स।

◆ कुल 41,424 पदों के साथ कानपुर में सबसे ज्यादा तो भदोही में सबसे कम पदों पर होगी भर्ती।

प्रवाह ब्यूरो
लखनऊ। योगी सरकार ने प्रदेश में सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में बड़ा कदम उठाते हुए होमगार्ड्स की व्यापक भर्ती प्रक्रिया शुरू कर दी है। जहां पुलिस भर्ती एवं प्रोन्नति बोर्ड ने मंगलवार से 41,424 रिक्त पदों के लिए ऑनलाइन आवेदन स्वीकार करना शुरू कर दिया है। आवेदन की अंतिम तिथि 17 दिसंबर निर्धारित की गई है।

भर्ती बोर्ड के अनुसार आवेदन करने से पहले वन टाइम रजिस्ट्रेशन कराना अनिवार्य बनाया गया है। इस प्रक्रिया की शुरुआत 3 नवंबर को ही की जा चुकी थी और तब से अब तक एक लाख से अधिक अभ्यर्थी रजिस्ट्रेशन भी कर चुके हैं।
जारी किए नोटिफिकेशन के अनुसार होमगार्ड्स अभ्यर्थियों के लिए सबसे अधिक पद कानपुर में जबकि सबसे कम पद भदोही में हैं।
प्रदेश में होमगार्ड स्वयंसेवकों के 1.18 लाख पद स्वीकृत हैं, जबकि वर्तमान में 73 हजार कार्यरत है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने विगत जून माह में ही होमगार्ड भर्ती करने का निर्देश दिया था।
इस अधिसूचना में कुल 41,424 होमगार्ड पदों की घोषणा की गई है। जहां 10वीं पास पुरुष और महिला उम्मीदवार इन पदों के लिए आवेदन कर सकते हैं। इच्छुक अभ्यर्थी आधिकारिक वेबसाइट uppbpb.gov.in  पर ऑनलाइन आवेदन फॉर्म भरकर जमा कर सकते हैं। आवेदन प्रक्रिया 18 नवंबर 2025 से शुरू हो चुकी है और उम्मीदवार 17 दिसंबर 2025 तक आवेदन कर सकते हैं। ध्यान रहे, आवेदन करने से पहले ओटीआर (वन-टाइम रजिस्ट्रेशन) कराना अनिवार्य है।
शैक्षिक योग्यता के लिए अभ्यर्थी ने किसी मान्यता प्राप्त बोर्ड से 10वीं कक्षा या उसके समकक्ष परीक्षा पास की हो। साथ ही
उम्मीदवार की आयु 18 से 30 वर्ष के बीच होनी चाहिए। यानी अभ्यर्थी का जन्म 01 जुलाई 1995 से पहले नहीं और 01 जुलाई 2007 के बाद का नहीं होना चाहिए।

आवेदन के समय हाई स्कूल की मार्कशीट या प्रमाणपत्र अपलोड करना आवश्यक है, ताकि शैक्षणिक योग्यता की पुष्टि की जा सके। सामान्य, ईडब्ल्यूएस व अन्य पिछड़ा वर्ग के लिए आवेदन शुल्क 400 रुपए निर्धारित किया गया है। अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति के लोगों को केवल 300 रुपए जमा करने होंगे।
शासनादेश के अनुसार, लिखित परीक्षा 100 नंबरों की होगी। इसमें ऑब्जेक्टिव सवाल पूछे जाएंगे। 2 घंटे की परीक्षा होगी। परीक्षा का पाठ्यक्रम उत्तर प्रदेश पुलिस भर्ती एवं प्रोन्नति बोर्ड तय करेगा।
फिजिकल परीक्षा पास करने के लिए पुरुषों को 28 मिनट में 4.8 किलोमीटर की दूरी तय करनी होगी। जबकि महिलाओं को 16 मिनट में 2.4 किलोमीटर की दूरी तय करनी होगी।

अभ्यर्थियों की लिखित परीक्षा में प्राप्त अंकों के आधार पर जिलावार मेरिट लिस्ट तैयार की जाएगी। जिले में उपलब्ध रिक्तियों के दृष्टिगत पर्याप्त संख्या में अभ्यर्थियों को डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन और फिजिकल स्टैंडर्ड टेस्ट ​​​के लिए बुलाया जाएगा। डीवीपीएसटी के लिए जिले स्तर पर डीएम या डीएम की ओर से नामित किसी डिप्टी कलेक्टर की अध्यक्षता में एक कमेटी गठित की जाएगी। इसमें एसपी या एसपी की ओर से नामित कोई डिप्टी एसपी सदस्य होगा। इसके अलावा जिला विद्यालय निरीक्षक व सीएमओ या उनकी ओर से नामित राजपत्रित अधिकारी व चिकित्साधिकारी सदस्य होगा।
भर्ती में सरकारी नियमों के अनुसार महिलाओं को 20 फीसदी आरक्षण दिया जाएगा। स्वतंत्रता संग्राम सेनानी के आश्रितों को 2 फीसदी, भूतपूर्व सैनिक को 5 फीसदी आरक्षण का प्रावधान रखा गया है। इसके अलावा यूपी होमगार्ड भर्ती के लिए आवेदन करने वाले उम्मीदवारों को वह सभी पात्रता शर्तें पूरी करनी होंगी जो आधिकारिक नोटिफिकेशन में दी गई हैं।

चार्टेड प्लेन में विधायक ब्रजेश यादव को साथ ले गए अखिलेश यादव।

कार्यकर्ताओं में विधायक ब्रजेश यादव को मजबूत बनाने की खुशी।

जनहित कार्यों में सक्रिय रहने के साथ-साथ क्षेत्रीय समस्याओं के समाधान को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हैं सहसवान विधायक।

प्रवाह ब्यूरो
बदायूं। बरेली के निजी कार्यक्रम में सम्मिलित होने आए समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष व पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव द्वारा बदायूं के सहसवान विधायक बृजेश यादव को अपने साथ चार्टर्ड प्लेन में ले जाने से कार्यकर्ताओं में जहां खुशी दिखाई दी तो वहीं कार्यकर्ता इसे मजबूत राय के साथ देख रहे हैं।
सूत्रों के माने तो समाजवादी पार्टी बदायूं में बड़े नेताओं के दो गुटों में होने के चलते बीते दिनों सोशल मीडिया पर टिकट कटने को लेकर एक अफवाह फैलाई गई थी। जहां कार्यकर्ताओं में तरह-तरह के विचार सामने आए थे।
शेखपुरा विधानसभा क्षेत्र के विधायक हिमांशु और सहसवान विधानसभा विधायक ब्रजेश यादव का टिकट कटने को लेकर फैलाई गई अफवाह को देखते हुए जहां कार्यकर्ता समर्थक मायूस हुए तो वहीं जिलाध्यक्ष को छोड़कर बदायूं जनपद की कार्यकारिणी को राष्ट्रीय अध्यक्ष की संतुति पर तत्काल प्रभाव से पर भंग कर दिया गया था।
निजी कार्यक्रम में बरेली पहुंचे अखिलेश यादव तो वहां कार्यक्रम में बदायूं के सहसवान विधानसभा से सपा विधायक ब्रजेश यादव भी मौजूद थे। जहां अन्य बड़े दिग्गज नेता भी सम्मिलित हुए थे।
कार्यक्रम से जाते समय सपा सुप्रीमो अखिलेश यादव विधायक ब्रजेश यादव को अपने साथ चार्टेड र्प्लेन में लखनऊ ले गए। इसी को लेकर समर्थक और कार्यकर्ताओं में खुशी बढ़ गई जहां स्थानीय लोगों में उनके कद व लोकप्रियता को और अधिक बढ़ने को लेकर समर्थकों में खुशी का माहौल है।
बता दें कि सहसवान विधानसभा क्षेत्र से समाजवादी पार्टी के विधायक ब्रजेश यादव जनहित के मुद्दों और क्षेत्रीय विकास कार्यों में लगातार सक्रिय भूमिका निभाने के लिए जाने जाते हैं। जनता से सीधे संवाद, समस्याओं की पहचान और उनके समाधान को प्राथमिकता देने की उनकी कार्यशैली पूर्व से ही क्षेत्र में सराही जाती रही है। इतना ही नहीं सहसवान विधायक जनसुनवाई कार्यक्रमों, क्षेत्रीय दौरों और ग्रामीण संपर्कों के माध्यम से जनता की समस्याओं को सुनते हैं और संबंधित विभागों के अधिकारियों के साथ मिलकर समाधान हेतु भरसक प्रयास करते हैं।
सहसवान क्षेत्र के विकास कार्यों को गति देने के लिए वे समय-समय पर प्रशासनिक अधिकारियों के साथ-साथ स्थानीय लोगों के साथ बैठकें आयोजित करते रहतें हैं। ब्रजेश यादव सदैव कहते हैं कि अगर मेरे क्षेत्र सहसवान की जनता ने मुझे भरोसा देकर विधानसभा भेजा है तो इस भरोसे भी पर खरा उतरना अब ही मेरी सबसे बड़ी जिम्मेदारी है।

यूपी पहुंची धीरेंद्र शास्त्री की सनातन एकता पदयात्रा में एएसपी अनुज चौधरी ने संभाला सुरक्षा का जिम्मा।

गुरुवार को मथुरा में प्रवेश हुई पदयात्रा में सुरक्षा के कड़े इंतजामात के चलते यूपी पुलिस के साथ आरएएफ, पीएससी भी रही तैनात।

सुरक्षा व्यवस्था के कड़े इंतजामात देख पं. धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने एएसपी को किया सैल्यूट।

प्रवाह ब्यूरो
मथुरा। गुरूवार को बागेश्वर पीठाधीश्वर धीरेंद्र शास्त्री की सनातन जोड़ो पदयात्रा यूपी की सीमा में प्रवेश कर मथुरा पहुंच गई। जहां पुष्प वर्षा कर सभी सनातनियों का स्वागत किया गया। पदयात्रा का भव्य स्वागत बॉर्डर कोसी कोटवन पर किया गया, जहां एएसपी अनुज चौधरी ने सुरक्षा की जिम्मेदारी संभाली। उन्होंने बताया कि जोन और सेक्टर स्कीम के तहत, ड्रोन से पूरी यात्रा पर नजर रखी जा रही है। आरएएफ, पीएसी और खुफिया एजेंसियों के साथ-साथ सिविल फोर्स भी बड़ी संख्या में तैनात है।
बता दें कि बीते 7 नवंबर को दिल्ली के छतरपुर में कात्यायनी माता मंदिर से शुरू हुई बागेश्वर धाम पीठाधीश्वर धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री की सनातन पदयात्रा में भक्तों की जबरदस्त भीड़ उमड़ रही है। यात्रा के मद्देनजर सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं। ट्रैफिक जाम की स्थिति से बचने के लिए रूट डायवर्जन प्लान भी जारी किया जा चुका है। सनातन पदयात्रा में भगवान राम की नगरी अयोध्या के हनुमानगढ़ी मंदिर में महंत राजू दास भी 7 नवंबर को यात्रा की शुरुआत से ही धीरेंद्र शास्त्री के साथ हैं। गुरुवार को मथुरा में एसीपी अनुज चौधरी ने धीरेंद्र शास्त्री की यात्रा को रिसीव किया।

16 नवंबर को सनातन पदयात्रा वृंदावन के बांके बिहारी मंदिर पहुंचेगी और वहीं पर इसका समापन होगा। मथुरा में यह पदयात्रा चार दिनों में करीब 55 किलोमीटर का सफर तय करेगी। पदयात्रा में लगभग एक लाख भक्त शामिल हैं, जो ढोल-नगाड़े बजाते हुए, राम-सीता और हनुमान की वेशभूषा में यात्रा में शामिल हुए हैं।
सनातन एकता यात्रा की सुरक्षा को लेकर बड़ी संख्या में सुरक्षा बलों को लगाया गया है। एसीपी अनुज चौधरी ने मथुरा सीमा पर यात्रा की अगवानी की। उनकी सुरक्षा व्यवस्था को देखकर धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने भी उन्हें सैल्यूट करते दिखाई दिए।
यूपी के मथुरा में सनातन यात्रा के प्रवेश पर धीरेंद्र शास्त्री ने कहा कि यह एक वैचारिक यात्रा है। हिंदुओं की एकता की यात्रा है। हम देश में दंगा नहीं, गंगा चाहते हैं। बम फोड़ने वाले नहीं, नारियल चढ़ाने वाले चाहते हैं। पदयात्रा में 108 बटुक ब्राह्मणों ने स्वस्तिवाचन किया, 21 ब्राह्मणों ने एक साथ शंखनाद किया और गोस्वामी परिवार की 11 सौभाग्यवती महिलाओं ने बाबा की आरती उतारी। गुरुवार को ब्रज की सीमा में प्रवेश के बाद यह पदयात्रा 16 नवंबर को मथुरा की सीमा में ही करीब 55 किलोमीटर की दूरी तय करने के बाद वृंदावन पहुंचेगी। जहां छठीकरा मार्ग स्थित चार धाम के पास विशाल मैदान में इसे संत सम्मलेन के रूप में परिवर्तित किया जाएगा।
सम्मेलन के बाद बाबा बागेश्वर धीरेंद्र शास्त्री बांके बिहारी के दर्शन करेंगे। बाबा की सुरक्षा को लेकर पुलिस प्रशासन ने कड़े इंतजाम किए हैं। पदयात्रा के चलते जनपद में सकुशल यातायात व्यवस्था बनाए रखने के लिए 16 नवंबर तक दिल्ली-आगरा हाईवे को वन-वे कर दिया गया है। आगरा से दिल्ली जाने वाले मार्ग से ही वाहन आ सकेंगे। जोन और सेक्टर स्कीम के तहत, ड्रोन से पूरी यात्रा पर नजर रखी जाएगी। साथ ही मथुरा के लिए जारी किए ट्रैफिक डायवर्जन प्लान के मुताबिक, ग्वालियर और भरतपुर से मथुरा की तरफ जाने वाली गाड़ियां रैपुरा जाट अंडरपास से यूटर्न लेने के बाद आगरा के कुबेरपुर कट से होकर यमुना एक्सप्रेसवे के लिए जाएंगी।
फिरोजाबाद और कानपुर से दिल्ली की तरफ जाने वाली गाड़ियां भी यमुना एक्सप्रेसवे से ही निकाली जाएंगी। इसके अलावा जो गाड़ियां हाथरस और अलीगढ़ की तरफ से आएंगी, उन्हें खंदौली कट के जरिए यमुना एक्सप्रेसवे से निकाला जाएगा।

यूपी बोर्ड ने जारी किया वर्ष 2026 का परीक्षा शेड्यूल।

18 फरवरी से एक साथ शुरू होंगे 10वीं, 12वीं के एग्जाम।

पहला पेपर हिंदी तो आखरी एग्रीकल्चर के साथ कुल 23 दिन चलेंगी बोर्ड परीक्षा।

प्रभाह ब्यूरो
लखनऊ। यूपी बोर्ड यानी उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा परिषद ने शिक्षा सत्र 2026 के लिए 10वीं और 12वीं की परीक्षा की तारीखें जारी कर दी है। जिसे बुधवार शाम माध्यमिक शिक्षा परिषद के सचिव भगवती सिंह द्वारा जारी किया गया है।
जारी हुई डेट शीट के अनुसार हाई स्कूल और इंटरमीडिएट की बोर्ड परीक्षाएं 18 फरवरी से 12 मार्च तक कुल 23 दिन चलेंगी। अब लाखों छात्रों का इंतजार भी अब खत्म हो गया है।
हाईस्कूल और इंटरमीडिएट में पहले दिन हिंदी विषय की परीक्षा होगी। परीक्षा दो पालियों में होगी। पहली पाली का समय सुबह 8.30 से 11.45 बजे तक है, जबकि दूसरी पाली की परीक्षा का समय दोपहर बाद 2.00 बजे से शाम 5.15 बजे है। इस बार हाई स्कूल बोर्ड परीक्षा में 27, 50, 943 परीक्षार्थी हैं जबकि इंटरमीडिएट में कुल 24,79,352 परीक्षार्थी हैं।
छात्रों को सफलता सुनिश्चित करने के लिए इस समय-सारिणी के अनुसार अपनी पढ़ाई की योजना बनाने हेतु डेटशीट में विषयवार परीक्षा तिथियां स्पष्ट रूप से दी गई हैं, जिससे छात्रों को रणनीतिक योजना बनाने में मदद मिलेगी।

बोर्ड सचिव भगवती सिंह ने बताया, प्रश्नपत्रों की सुरक्षा के लिए परीक्षा केंद्र पर डबल लॉ वाली चार अलमारियां रखी जाएंगी। वर्ष 2025 की परीक्षा में तीन अलमारियों की व्यवस्था थी। बाद में चौथी अलमारी की व्यवस्था अतिरिक्त प्रश्नपत्र के लिए कराई गई। इस बार शुरू से ही चार अलमारियों की व्यवस्था केंद्र व्यवस्थापकों को रखनी होगी। चौथी अलमारी में अतिरिक्त प्रश्नपत्र रखे जाएंगे।
इतना ही नहीं परीक्षा को नकल-मुक्त और पारदर्शी बनाने के लिए इस बार भी यूपी बोर्ड ने सख्त कदम उठाने की घोषणा की है। केवल उन्हीं विद्यालयों को परीक्षा केंद्र बनाया जाएगा, जो CCTV कैमरों से लैस हैं। बोर्ड स्तर पर निरीक्षण टीमों का गठन किया जाएगा, जो परीक्षा केंद्रों की निगरानी और औचक निरीक्षण करेंगी।

बहराइच में मां के पास सो रही बच्ची को उठा ले गया भेड़िया, कुछ मीटर दूर मिले खून के धब्बे।

पीछे पीछे चीखती हुए दौड़ी मां, पिता तथा अन्य ग्रामीण भी दौड़े, लेकिन नहीं मिली सफलता।

बहराइच में भेड़िया का आतंक जारी, सीएम योगी भी कर सकते हैं हवाई सर्वेक्षण।

प्रवाह ब्यूरो
बहराइच। यूपी के बहराइच जनपद में दिल को झकझोर देने वाली घटना सामने आई है। जहां मां के बगल में सो रही डेढ़ वर्षीय बच्ची को भेड़िया उसकी मां के पास से अपने जबड़े में देकर उठा ले गया जहां कुछ ही मीटर दूर पर खून के धब्बे तथा कुछ मांस के टुकड़े मिले हैं।
भेड़िया ने जैसे ही बच्ची उठाई तो बच्ची चीखी और चीख सुनकर मां की नींद खुल गई। मां ने देखा तो वह चीखती हुई भेड़िए के पीछे दौड़ने लगी। शोर सुनकर बच्ची के पिता तथा ने ग्रामीण भी पीछे-पीछे दौड़े लेकिन उन्हें सफलता नहीं मिली। संबंधित पुलिस और वन विभाग की टीम भी मौके पर पहुंच गई जहां ड्रोन और डॉग स्क्वायड की टीम की मदद से भी लगातार जंगल में भेड़िए को तलाश किया जा रहा है तथा ग्रामीण भी लाठी डंडों के साथ अपना सहयोग देते दिखाई दिए।
बहराइच जनपद के खरपुर थाना क्षेत्र के कंदौली गांव निवासी राकेश यादव शनिवार रात्रि को अपने परिवार के साथ सोया हुआ था। रविवार सुबह लगभग 5 बजे पत्नी डेढ़ वर्षीय बच्ची शानवी को लेकर सो रही थी। उसके पिता पशुओं के चारा डाल रहे थे। अचानक घर में भेड़िया घुस आया और मां के पास सो रही डेढ़ वर्षीय बच्ची को जबड़े में दबोच लिया। बच्ची चीखी तो मां के नींद खुल गई। मां ने देखा तो उसके होश उड़ गए, वह चीखती हुई भेड़िया के पीछे दौड़ने लगी। शोर सुनकर उसके पिता तथा अन्य ग्रामीण भी पीछे-पीछे दौड़े लेकिन भेड़िया हाथ नहीं आया। सुबह के समय अंधेरा होने के चलते भेड़िया भाग गया और दिखाई नहीं दिया। सूचना पर संबंधित थाना पुलिस और वन विभाग की टीम में मौके पर पहुंच गई। रविवार सुबह देखा तो घर से लगभग 200 मीटर दूरी पर खून के धब्बे और कुछ मांस के टुकड़े दिखाई दिए। जिसे देख मां बेहोश हो गई। माता-पिता तथा परिजनों का रो रो कर बुरा हाल है।
वहीं दूसरी तरफ वन विभाग की टीम और पुलिस लगातार भेड़िए की तलाश में है और डॉग स्क्वायड तथा ड्रोन से लगातार क्षेत्र की निगरानी की जा रही है।

बहराइच में भेड़िए का आतंक जारी, इस वर्ष कई लोगों की जा चुकी है जान।

सीएम के आदेश पर आदमखोर दो भेड़ियों को मार दिया गया था।

उत्तर प्रदेश के बहराइच में भेड़िए का आतंक जारी है। लोग अपने बच्चों को घरों में ही रख रहे हैं,इसके अलावा पुलिस और वन विभाग की टीम लगातार जंगल में सर्च अभियान चला रही है।
बीते 28 सितंबर को एक भेड़िए को मार दिया गया था। वन विभाग की टीम का कहना है कि जंगल में चार भेड़िए हैं जिनमें से दो भेड़ियों को मार गिराया गया है और एक के पैर में गोली लगी है तथा एक अभी बाकी है जिसकी लगातार तलाश की जा रही है,और उसी के द्वारा हमला करने की बात सामने आई है।
वन विभाग की टीम द्वारा ग्रामीणों को सचेत किया गया है तथा बच्चों को घर में रखने के निर्देश दिए गए हैं।  मुख्यमंत्री ने लगातार बहराइच में भेड़िए की घटना को देख गोली मारने का आदेश दिया था।
जहां मुख्यमंत्री ने आदेश दिया था कि भेड़िया पकड़ में न आए तो उसे गोली मार दो।

सीएम योगी कर सकते हैं हवाई सर्वेक्षण, ट्वीट कर दी जानकारी।

बहराइच में बीते देना हुई नाव दुर्घटना से प्रवाहित लोगों के परिजनों से भेंट करने के लिए मुख्यमंत्री बहराइच पहुंच सकते हैं तथा इसके अलावा वह क्षेत्र का हवाई सर्वेक्षण भी करेंगे।
उधर दूसरी तरफ भेड़िए द्वारा बच्ची को ले जाने की सूचना पर वन विभाग की टीम ने कहा है कि क्षेत्र में टीमों की गस्त भी बढ़ा दी गई है और लोगों से घरों में रहने की तथा बच्चों को संभाल कर रखने की अपील की गई है। साथ ही भेड़िए को पकड़ने के लिए कई टीम सर्च अभियान पर लगी हुई है।

संभल में SP की बड़ी कार्रवाई! 16 थानों के 32 पुलिसकर्मी एक साथ लाइन हाजिर।

एसपी की इस कार्रवाई से पुलिस विभाग में मचा हड़कंप।

शिकायतों की अनदेखी बनी कार्रवाई की मुख्य वजह, जांच के दायरे में कई थानों के कर्मचारी।

प्रवाह ब्यूरो
संभल।शुक्रवार रातसंभल जनपद में एसपी कृष्ण बिश्नोई ने बड़ी अनुशासनात्मक कार्रवाई करते हुए एक साथ 16 थानों में तैनात 32 पुलिसकर्मियों को लाइन हाजिर कर दिया। अवगत रहे कि यह कार्रवाई उन जन शिकायतों पर की गई, जिनमें आरोप लग रहे थे कि पुलिसकर्मी जनता की सुनवाई नहीं कर रहे थे साथ आवश्यक मामलों में लापरवाही बरत रहे थे। इस कदम के बाद पूरे पुलिस विभाग में हलचल मच गई है।


लाइन हाजिर किये गये पुलिसकर्मियों में संभल थाने से कांस्टेबल राजपाल सिंह, हेड कांस्टेबल सहचालक बलराज, जबकि हयातनगर से चालक रूपचन्द्र, कांस्टेबल आशू यादव, नीरज कुमार को पुलिस लाइन भेजा गया है। वहीं नखासा से कांस्टेबल अनिरुद्ध चौधरी और सहचालक आकाश जुरैल, जबकि असमोली से कांस्टेबल रोबिन राठी व भोलू तोमर वहीं रायसत्ती से हेड कांस्टेबल अरुण सिवाल और कांस्टेबल गौरव शर्मा को पुलिस लाइन भेजा है।
ऐंचोड़ा कंबोह से सन्नी कुमार जबकि कैलादेवी से हेड कांस्टेबल अशोक कुमार और सतेन्द्र कुमार शर्मा, हजरतगढ़ी से कांस्टेबल मोहित कुमार और हेड कांस्टेबल सोवरन सिंह जबकि बबराला से हेड कांस्टेबल रोहित कुमार, कांस्टबेल रोहित कुमार, हेड मुहिरर्र अमित कुमार और कांस्टेबल वीरेन्द्र सिंह, रजपुरा से सहचालक निशांत राठी और अंकित मलिक, धनारी से कांस्टेबल अक्षय कुमार व भारत, जुनावई से सहचालक अमरजीत, बहजोई से हेड कांस्टेबल प्रवेश कुमार और कांस्टेबल आकाश कुमार, चंदौसी से कांस्टेबल दीपांशु कुमार व हेड कांस्टेबल अफसर अली, बनियाठेर से हेड कांस्टेबल सचिन कुमार और आरक्षी राहुल कुमार, जबकि कुढ़फतेहगढ़ से कांस्टेबल मनोज कुमार भी शामिल हैं।
उपरोक्त संदर्भ में एसपी कृष्ण बिश्नोई ने बताया कि कई थानों से लगातार शिकायतें मिल रही थीं कि संबंधित पुलिसकर्मी जनता की समस्याओं को गंभीरता से नहीं सुन रहे थे। शिकायतों की जांच में इन आरोपों की पुष्टि होने पर 32 पुलिसकर्मियों को तत्काल प्रभाव से लाइन हाजिर किया गया है।

गंगा मेला सिसौना डंडा पहुंचे डीआईजी मुनिराज, देखीं तैयारियां।

संभल के मशहूर गंगा मेला सिसौना में इस बार 6 लाख लोगों के पहुंचने की उम्मीद।

मेले की तैयारियां तेज, 4 को प्रभारी मंत्री धर्मवीर प्रजापति करेंगे उद्घाटन।

प्रवाह ब्यूरो
संभल। संभल के सिसौना डांडा गंगा घाट पर कार्तिक पूर्णिमा गंगा स्नान मेले की तैयारियों को लेकर जिला प्रशासन द्वारा सुरक्षा सुनिश्चित कर ली गई है। इसी क्रम तैयारियों का जायजा लेने मुरादाबाद डीआईजी मुनिराज जी ने कार्तिक पूर्णिमा मेले की तैयारियों का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने बैरिकेड, वॉच टावर, पीएस सिस्टम और सीसीटीवी कैमरों सहित अन्य व्यवस्थाओं का निरीक्षण किया। जहां मेले में पांच से छह लाख श्रद्धालुओं के पहुंचने की उम्मीद है।
शुक्रवार शाम करीब 5 बजे डीआईजी मुनिराजजी एसपी कृष्ण कुमार बिश्नोई और एएसपी अनुकृति शर्मा के साथ मेला स्थल सीसौना डांडा पहुंचे।

उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि श्रद्धालुओं की सुविधा और सुरक्षा में कोई चूक न हो। डीआईजी ने कहा कि मेले में आने वाले हर श्रद्धालु की सुरक्षा पुलिस की सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए। क्योंकि 4 से 5 नवंबर की रात को यहां भारी भीड़ रहेगी। हर बार की भांति इस बार भी मेले में कवि सम्मेलन का आयोजन होगा तथा मेला परिसर में कृषि विभाग द्वारा कृषि मेला का आयोजन भी किया जाएगा। 3 नवंबर की शाम को ही गंगा घाट पर आरती का आयोजन होगा और जहां स्थानीय कलाकार भी अपना प्रदर्शन करेंगे। श्रद्धालुओं की सुरक्षा व्यवस्था को ध्यान में रखते हुए पुलिस व प्रशासन ने यहां बेहतर तैयारियां की हैं।

जिला पंचायत की ओर से श्रद्धालुओं के लिए सड़कें चौड़ी की गई हैं, और अस्थायी अस्पताल व थाना भी तैयार हो चुके हैं। मेले में खेल-खिलौनों की दुकानें, मीना बाजार और झूले लगाए जा रहे हैं, जिससे पूरा मेला क्षेत्र रोशनी से जगमग हो उठा है।
सीसीटीवी कैमरे और अन्य सुरक्षा इंतजामात भी पूरे कर लिए गए हैं। मेले की तैयारियां अंतिम चरण में हैं। टेंट, लाइटिंग, हैंडपंप, घाट और बेरिकेडिंग जैसी अधिकांश व्यवस्थाएं पूरी हो चुकी हैं। श्रद्धालुओं के लिए वॉच टावर और चेंजिंग रूम का निर्माण कार्य भी तेजी से चल रहा है।  मेले की व्यवस्था को सुरक्षा के उद्देश्य से सफल बनाए रखने के लिए मेला परिसर में 32 सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं तो वही लाउडस्पीकर के जरिए आवश्यक सूचनाओं भी प्रदान की जाएंगी तथा गंगा घाट पर निजी 30 गोताखोरों के साथ पांच मोटर वोट भी तैनात रहेंगी। श्रद्धालुओं को ठहरने के लिए भी ट्रेन बसेरा बनाया गया है तो वहीं मेला परिसर में शौचायलयों की भी व्यवस्था की गई है इसके अलावा मौके पर फायर ब्रिगेड की गाड़ियों के साथ पीएसी बल भी तैनात रहेगा।

अवगत रहे कि कार्तिक पूर्णिमा मेले का झंडी पूजन 3 नवंबर को होगा, जिसमें जिला पंचायत अध्यक्ष अनामिका यादव हरिबाबा बांध धाम से झंडी लेकर आएंगी। इसके अलाबा मेले का शुभारंभ 4 नवंबर को फीता काटकर किया जाएगा, जबकि 5 नवंबर को कार्तिक पूर्णिमा पर मुख्य स्नान होगा। जिसमें पांच-छ: लाख श्रद्धालुओं के पहुंचने की उम्मीद हैं।

संभल से रामौतार शर्मा की रिपोर्ट…

बदायूं के ककोड़ा मेले की तैयारियां तेज, एडीजी बरेली ने किया निरीक्षण।

मेला क्षेत्र में लगाए जाएंगे 17 वाच टावर तथा अलग-अलग सीसीटीवी कैमरे।

निगरानी के लिए कंट्रोल रूम होगा स्थापित, श्रद्धालुओं के लिए चलाई जाएंगीं रोडवेज की 106 बसें।

115 सफाई कर्मचारियों के साथ 19 वॉटर टैंकर के साथ-साथ मेला क्षेत्र में स्थापित होंगे चिकित्सा शिविर।

प्रवाह ब्यूरो
बदायूं। उत्तर प्रदेश के बदायूं जनपद में ककोड़ा नामक स्थान पर लगने वाले ऐतिहासिक मेले की तैयारियां तेज हो गई है। कार्तिक पूर्णिमा के अवसर पर गंगा नदी के किनारे आयोजित होने वाले मेले की तैयारियों को लेकर एडीजी जॉन बरेली ने निरीक्षण करते हुए सुरक्षा की व्यवस्था देखी तथा आवश्यक निर्देश दिए हैं। यह मेला बदायूं और कासगंज जिले की सीमा पर गंगा नदी के किनारे पर लगता है।

लगातार 15 दिनों तक चलने वाले कार्तिक पूर्णिमा के इस मेले की तैयारियां तेज कर दी गई हैं। बदायूं के ककोड़ा में आयोजित होने वाले मिनी कुंभ के नाम से प्रसिद्ध मेले के आयोजन को लेकर प्रशासन सख्त हो गया है। बदायूं प्रशासन ने सुरक्षा यातायात और श्रद्धालुओं की सुविधाओं का ध्यान रखते हुए विशेष सतर्कता रखने को कहा है। व्यवस्था को लेकर एडीजी जॉन बरेली की निरीक्षण कर चुके हैं।

मेले में 17 वॉच टावर और एक अलग कंट्रोल रूम होगा स्थापित

मेला क्षेत्र में 17 वॉच टावर लगाए जाएंगे तथा महत्वपूर्ण चौराहों और भीड़भाड़ वाले इलाकों में सीसीटीवी कैमरे से निगरानी की जाएगी।
मेला क्षेत्र में ही सुरक्षा के उद्देश्य से एक अलग कंट्रोल रूम भी स्थापित किया जाएगा। मेला क्षेत्र की निगरानी कंट्रोल रूम से ही की जाएगी, जहां सभी सीसीटीवी कैमरों मुख्य केंद्र होगा।

बैरिकेडिंग और यातायात की व्यवस्था को लेकर सतर्कता।

मेला क्षेत्र में गहरे पानी की ओर बेरीकेडिंग की जाएगी, जिससे कि श्रद्धालु उससे आगे स्नान करने के लिए नहीं पहुंच सकें। श्रद्धालुओं को सुरक्षित स्नान के लिए चिन्हित घाटों पर ही स्नान करने के लिए कहा जाएगा। इसके साथ ही गंगा घाट पर सरकारी व निजी गोताखोर भी तैनात किए जाएंगे। यातायात व्यवस्था को सुगम बनाने के लिए मार्गों पर पुलिस बल तैनात रहेगा तथा महत्वपूर्ण चौराहों पर ट्रैफिक पुलिस कर्मी मौजूद रहेंगे। मुख्य मार्गों के साथ मीना बाजार और वीआईपी मार्ग का निर्माण भी चल रहा है।
श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए सरकारी रोडवेज की 106 बसें मेले तक ले जाने के लिए चलाई जाएंगी।
इसके साथ ही जिला पंचायत की टीमों को भी सक्रिय कर दिया गया है, जिसके तहत 115 सफाई कर्मचारी तैनात किए जा रहे हैं।
पानी और शौचालय व्यवस्था को लेकर धूल नियंत्रण के लिए अलग से 19 वॉटर टैंक लगाए जा रहे हैं तथा अस्थाई शौचायलयों का भी निर्माण किया जा रहा है। चिकित्सा और स्वास्थ्य विभाग की ओर से एंबुलेंस तथा एंटी वेनम चिकित्सा शिविर लगाए जाएंगे।

मनोरंजन के लिए मेले में बच्चों के झूले स्टॉल भी लगने शुरू।

मेला क्षेत्र में अलग-अलग स्थान पर बच्चों के मनोरंजन के लिए झूले और स्टॉल भी लगने शुरू हो गए हैं। जिससे मेला में आने वाले बच्चे भी अपना आनंद ले सकें और मनोरंजन किसी सुविधा का लाभ ले सकें।
इसके अलावा संत महात्माओं और अधिकारियों के ठहरने के लिए भी टेंट लगाने का काम चल रहा है।

बदायूं से हिमालय शर्मा की रिपोर्ट…

यूपी में बड़ा प्रशासनिक फेरबदल, एक साथ 46 आईएएस अफसरों का तबादला।

10 जनपदों के डीएम के साथ-साथ कई सीडीओ व कमिश्नर भी बदले।

अजय कुमार द्विवेदी बने डीएम रामपुर, तो वहीं राजा गणपति बनाये गये सीतापुर के नये जिलाधिकारी।

प्रवाह ब्यूरो
लखनऊ। सीएम योगी ने यूपी में बड़ा प्रशासनिक फेरबदल किया गया है। एक साथ 46 आईएएस अफसरों का तबादला किया गया है। रामपुर, बलरामपुर, कौशांबी, हाथरस और बस्ती सहित 10 जिलों के डीएम बदले गए हैं। मिल रही जानकारी के मुताबिक 27 पीसीएस अधिकारियों को भी इधर से उधर किया गया है।
सरकार द्वारा किए गए इन तबादलों में मंडलायुक्त, जिलाधिकारी, मुख्य विकास अधिकारी, नगर आयुक्त सहित कई अहम पदों के अफसरों को नई तैनाती दी गई है। सूबे में कुल 10 जिलों के डीएम बदले गए हैं जिनमें हाथरस, सीतापुर, बस्ती, सिद्धार्थनगर, चित्रकूट, ललितपुर, श्रावस्ती, रामपुर, बलरामपुर और कौशांबी शामिल हैं।
शासन ने मेरठ और सहारनपुर के कमिश्नर भी बदल दिए हैं।

तबादले के क्रम में रूपेश कुमार को सहारनपुर का मंडलायुक्त बनाया गया है। जहां भानु गोस्वामी को मेरठ का मंडलायुक्त बनाया गया है। तो वहीं राजेश प्रकाश को विंध्याचंल का मंडलायुक्त बनाया गया है।  
वाराणसी के मुख्य विकास अधिकारी रहे हिमांशु नागपाल को अब वाराणसी का नगर आयुक्त बनाया गया है, जबकि वाराणसी की एडीएम वंदिता श्रीवास्तव को कुशीनगर का सीडीओ बनाया गया है। पूर्व मंडलायुक्त अटल कुमार राय को सचिव गृह विभाग की जिम्मेदारी सौंपी गई है। प्रशासनिक सूत्रों के अनुसार, यह व्यापक फेरबदल शासन की कार्यप्रणाली को और अधिक प्रभावी, पारदर्शी तथा जन-केंद्रित बनाने के लक्ष्य के साथ किया गया है।

◆ ट्रांसफर लिस्ट से देखिए किसे मिली, कहां तैनाती..?

संभल पुलिस की दादी वाली दिवाली…गरीब, असहाय बुजुर्ग महिलाओं को वितरित कीं दैनिक उपयोग की वस्तुएं व मिठाई।

एएसपी अनुकृति शर्मा गुन्नौर के बबराला पहुंचीं, जाहिर की खुशी।

अकेली रह रहीं असहाय महिलाओं के बीच फैलाया खुशी का प्रकाश।

मिशन शक्ति के तहत असहाय महिलाओं को किया गया था चिन्हित।

प्रवाह ब्यूरो
संभल। संभल में दीपावली के त्यौहार पर गरीब तथा असहाय बुजुर्ग महिलाओं के साथ संभल पुलिस द्वारा ‘दादी वाली दिवाली’ मनाई गई। जहां एसपी अनुकृति शर्मा ने गुन्नौर के बबराला पहुंचकर बुजुर्ग महिलाओं के साथ दादी वाली दिवाली के नाम से खुशी जाहिर की व उन्हें दैनिक उपयोग की वस्तुओं के साथ-साथ मिठाई वितरित करते हुए दीपावली की शुभकामनाएं दीं तो वहीं बुजुर्ग महिलाओं ने भी शुभ आशीर्वाद दिया।

गुन्नौर के बबराला में मिशन शक्ति अभियान के तहत संबंधित पुलिस द्वारा ऐसी तीन गरीब तथा असहाय महिलाओं को चिन्हित किया गया था जिनका कोई सहारा नहीं है। तदुपरांत दिवाली के सुअवसर में संभल एएसपी दक्षिणी अनुकृति शर्मा गुन्नौर के बबराला पहुंची और उन गरीब तथा असहाय बुजुर्ग महिलाओं के साथ दिवाली मनाई।

असहाय परिवार के साथ दिवाली मना कर खुशी का प्रकाश फैलाया। जिसे एएसपी अनुकृति शर्मा ने “दादी वाली दिवाली” नाम दिया।

बबराला पहुंचकर एएसपी अनुकृति शर्मा थानाध्यक्ष बबराला नरेंद्र कुमार और पुलिस टीम के साथ कस्बा बबराला में ही रह रहीं असहाय बुजुर्ग महिला किरन पत्नी संतलाल, राजवती पत्नी खचेड़ू व माया देवी के बीच पहुंचकर दीपावली की शुभकामनाएं दीं तथा भोजन, मिठाई और कुछ बर्तन आदि वितरित करते हुए उन्हें दीपावली की खुशी का इजहार कराया।

जहां एएसपी अनुकृति शर्मा ने दादी वाली दिवाली के नाम से खुशी जाहिर करते हुए उनके साथ खुशी के पल बिताए और शुभकामनाएं दीं तथा बुजुर्ग महिलाओं ने भी अनुकृति शर्मा को आशीर्वाद देते हुए उनके सिर पर हाथ फिराते हुए गले लगाया।

जिसका वीडियो भी सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बन गया है जहां लोगों द्वारा भी पुलिस की इस सराहनीय पहल की जमकर प्रशंसा की जा रही है।

उपरोक्त संदर्भ में एसपी अनुकृति शर्मा ने बताया कि इन तीनों अत्यधिक गरीब एवं असहाय महिलाओं को कांस्टेबल वीरेंद्र द्वारा मिशन शक्ति 5.0 अभियान के तहत चिन्हित किया गया था। तदुपरांत स्वयं मेरे व थानाध्यक्ष बबराला नरेंद्र कुमार के द्वारा यह तय किया गया कि इनके घर में दिवाली की खुशियां जरूर लाई जाएगीं। उसी के क्रम में हम सभी लोग आज दिवाली के उपलक्ष्य में इनके घरों पर गये व रोजमर्रा की चीजों के साथ-साथ मिठाइयां आदि वितरित की गईं।
बता दें कि संभल में एएसपी अनुकृति शर्मा अपने उत्कृष्ट कार्यों के लिए सदैव चर्चाओं में रहती हैं और आए दिन कुछ न कुछ नया कार्य करते हुए सभी का ध्यान खींच लेती हैं।

दैनिक प्रवाह के लिए ‘संभल से’ गौरव उन्मुक्त की रिपोर्ट…